देवल संवाददाता, मऊ।आधार अनुश्रवण समिति की त्रैमासिक बैठक जिलाधिकारी आनंद वर्द्धन की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में संपन्न हुई। बैठक में जनपद में आधार नामांकन, आधार संशोधन एवं बायोमेट्रिक सत्यापन की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।बैठक के दौरान नोडल अधिकारी अभिषेक ने आधार नामांकन एवं बायोमेट्रिक सत्यापन की प्रक्रिया के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि 5 वर्ष की आयु तक बच्चों के बायोमेट्रिक सत्यापन की आवश्यकता नहीं होती है। 5 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर प्रथम अनिवार्य बायोमेट्रिक अपडेट तथा 15 वर्ष की आयु पुनः करने पर पुनः बायोमेट्रिक अपडेट कराया जाना होता है। उन्होंने जनपद में 0 से 5 वर्ष तक के बच्चों के आधार नामांकन तथा निर्धारित आयु पर बायोमेट्रिक अपडेट कराए जाने के संबंध में विस्तार से जानकारी दी।उन्होंने बताया कि जनपद में वर्तमान में कुल 268 एक्टिव किट उपलब्ध हैं,जिनके माध्यम से नए आधार नामांकन एवं आधार में संशोधन का कार्य किया जा रहा है। इन एक्टिव किट का विभिन्न बैंकों एवं अन्य आधार केंद्रों पर आवश्यकता के अनुसार वितरण किया गया है। समीक्षा के दौरान यह भी बताया गया कि जनपद में आधार संशोधन,बायोमेट्रिक सत्यापन तथा 18 वर्ष से अधिक आयु के व्यक्तियों के नए आधार नामांकन के लिए विशेष प्रयास किए जाने की आवश्यकता है।जिलाधिकारी ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को संबंधित नोडल अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों में आधार नामांकन एवं संशोधन हेतु विशेष कैंप आयोजित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने विशेष रूप से 0 से 5 वर्ष तक के बच्चों के आधार नामांकन पर फोकस करने के निर्देश देते हुए निजी एवं प्ले-ग्रुप विद्यालयों तथा आंगनबाड़ी केंद्रों में अध्ययनरत बच्चों को अभियान से जोड़ने को कहा।जिलाधिकारी ने जनपद के नोडल अधिकारी को आधार नामांकन एवं संशोधन कार्य से जुड़े कार्मिकों को सेंसिटाइज करने के निर्देश दिए,ताकि आमजन को आधार संबंधी सेवाएं प्राप्त करने में किसी प्रकार की कठिनाई न हो। उन्होंने विशेष रूप से बुजुर्गों के आधार सत्यापन के दौरान बायोमेट्रिक अथवा आंखों के मिलान से सत्यापन न हो पाने की शिकायतों का संज्ञान लेते हुए संबंधित कार्मिकों को संवेदनशीलता एवं सहयोगात्मक रवैया अपनाने तथा नियमानुसार वैकल्पिक प्रक्रिया के माध्यम से लोगों को सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।जिलाधिकारी ने कहा कि आधार से संबंधित सेवाओं को सुगम,पारदर्शी एवं जनसुविधाजनक बनाया जाए तथा पात्र लोगों को आधार नामांकन,संशोधन एवं बायोमेट्रिक अपडेट के लिए अनावश्यक रूप से परेशान न होना पड़े। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप कार्य करते हुए नियमित रूप से प्रगति की समीक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी एवं आधार से जुड़े नोडल अधिकारी उपस्थित रहे।
