स्वास्थ्य जांच के साथ श्रमिकों को कल्याणकारी योजनाओं की दी गई जानकारी
देवल, ब्यूरो चीफ,सोनभद्र। श्रमिकों के स्वास्थ्य संरक्षण एवं कल्याण के उद्देश्य से श्रम विभाग द्वारा संचालित सेवा संकल्प अभियान के तहत गुरुवार को अनपरा स्थित मेघा इंजीनियरिंग एंड इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड में श्रमिक स्वास्थ्य सम्मान शिविर आयोजित किया गया। शिविर में चिकित्सकों ने सैकड़ों श्रमिकों का स्वास्थ्य परीक्षण किया और आवश्यकता के अनुसार निःशुल्क दवाओं का वितरण किया।
जिलाधिकारी के निर्देशन एवं उप श्रमायुक्त, मिर्जापुर क्षेत्र, पिपरी-सोनभद्र के मार्गदर्शन में आयोजित इस अभियान का उद्देश्य श्रमिकों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं से जोड़ने के साथ उन्हें सामाजिक सुरक्षा एवं शासन की श्रमिक कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाना है।
उप श्रमायुक्त ने बताया कि श्रमिकों को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए इससे पहले भी विभिन्न औद्योगिक प्रतिष्ठानों एवं स्वास्थ्य संस्थानों में शिविर लगाए जा चुके हैं। 06 अक्टूबर को अल्ट्राटेक सीमेंट फैक्ट्री और 07 अक्टूबर को ग्रासिम इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड में श्रमिकों का स्वास्थ्य परीक्षण कर निःशुल्क औषधियां वितरित की गईं।
इसी क्रम में सितंबर में 24 सितंबर को रेनूसागर पावर प्लांट, 25 सितंबर को हिंडाल्को इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड, 26 सितंबर को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दुद्धी तथा 27 सितंबर को प्रसाद कुंवर हॉस्पिटल दुद्धी में स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए गए थे।
श्रमिकों को योजनाओं के प्रति किया जागरूक
उप श्रमायुक्त ने बताया कि 24 से 27 सितंबर तथा 06 से 08 अक्टूबर 2026 तक जनपद के विभिन्न लेबर अड्डों एवं निर्माण स्थलों पर विशेष जन-जागरूकता अभियान भी चलाया गया। इस दौरान उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के तहत निर्माण श्रमिकों के पंजीयन एवं नवीनीकरण की जानकारी दी गई। साथ ही बोर्ड द्वारा संचालित विभिन्न श्रमिक हितकारी योजनाओं के बारे में बताते हुए पात्र श्रमिकों को उनका लाभ लेने के लिए जागरूक किया गया।
उन्होंने कहा कि सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से श्रमिकों को स्वास्थ्य सुविधाओं से जोड़ने, सामाजिक सुरक्षा उपलब्ध कराने तथा शासन एवं श्रमिक कल्याण बोर्ड की योजनाओं का अधिकतम लाभ पात्र श्रमिकों तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य श्रमिकों में स्वास्थ्य एवं सामाजिक सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ उनके कल्याण और जीवन स्तर में सुधार सुनिश्चित करना है।
