देवल संवाददाता, मऊ।जिलाधिकारी के निर्देशानुसार आज विकास भवन स्थित सभागार में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की जिला स्तरीय समिति की बैठक मुख्य विकास अधिकारी विवेक कुमार की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में जनपद में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने,मिलावटखोरी पर प्रभावी अंकुश लगाने तथा खाद्य एवं औषधि संबंधी प्रतिष्ठानों की नियमित जांच के संबंध में विस्तृत समीक्षा की गई।बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने निर्देश दिए कि जनपद में संचालित सभी कोल्ड स्टोरेज का खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के अंतर्गत खाद्य लाइसेंस अनिवार्य रूप से आच्छादित कराया जाए। इसके लिए जिला उद्यान अधिकारी एवं खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की संयुक्त टीम गठित कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।उन्होंने जनपद में केला एवं सेब पर स्टिकर लगाए जाने की रोकथाम तथा गुणवत्ता की जांच के लिए मंडी सचिव एवं खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के मध्य समन्वय स्थापित कर विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए। साथ ही तहसील एवं ब्लॉक स्तर पर औषधि निरीक्षक तथा खाद्य सुरक्षा अधिकारियों द्वारा मेडिकल स्टोरों का निरंतर निरीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।मुख्य विकास अधिकारी ने खाद्य प्रतिष्ठानों में बार-बार प्रयोग किए जाने वाले खाद्य तेल की गुणवत्ता की जांच कराने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि खाद्य तेल का बार-बार उपयोग करने से उसकी गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है,इसलिए प्रतिष्ठानों पर इसकी नियमित जांच की जाए।
आगामी त्योहारी सीजन को देखते हुए मुख्य विकास अधिकारी ने मिलावटखोरी के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को निरंतर विशेष अभियान चलाने तथा खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच करते हुए नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।बैठक में अपर जिलाधिकारी खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
