देवल संवाददाता, मऊ। प्रभारी जिलाधिकारी विवेक कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में दानवीर भामाशाह की जयंती के अवसर पर व्यापारी कल्याण दिवस का आयोजन नगर पालिका कम्युनिटी हॉल में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रभारी जिलाधिकारी, मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष मनोज राय तथा व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष उमाशंकर ओमर द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।प्रभारी जिलाधिकारी ने अपने संबोधन में कहा कि दानवीर भामाशाह का जीवन राष्ट्रभक्ति, त्याग, सेवा एवं समर्पण का अनुपम उदाहरण है। उन्होंने बताया कि भामाशाह ने राष्ट्रहित एवं समाज के उत्थान के लिए अपनी संपूर्ण संपत्ति का दान कर इतिहास में अमिट स्थान प्राप्त किया। इसी महान योगदान के सम्मान में उनके जन्मदिवस को प्रदेश सरकार द्वारा व्यापारी कल्याण दिवस के रूप में मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि व्यापारी वर्ग देश एवं समाज की आर्थिक प्रगति का महत्वपूर्ण आधार है। जनपद में किसी भी प्रकार की आपदा अथवा अन्य विषम परिस्थितियों में व्यापारी संगठन सदैव प्रशासन के साथ खड़े होकर सहयोग प्रदान करते हैं। उन्होंने आश्वस्त किया कि व्यापारियों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण शासन की मंशा के अनुरूप किया जाएगा तथा जिला प्रशासन सदैव व्यापारियों के हितों की रक्षा एवं उनके सहयोग के लिए तत्पर रहेगा। मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष मनोज राय ने अपने संबोधन में कहा कि प्रदेश सरकार ने व्यापारियों के हितों की रक्षा एवं उनकी समस्याओं के प्रभावी समाधान के उद्देश्य से व्यापार कल्याण संबंधी व्यवस्थाओं को सुदृढ़ किया है।उन्होंने कहा कि व्यापारियों की समस्याओं का त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र निर्माण केवल सीमाओं की सुरक्षा अथवा युद्ध में विजय प्राप्त करने से ही नहीं होता, बल्कि इसके मूल में आर्थिक सुदृढ़ता, त्याग, दूरदर्शिता एवं कुशल रणनीति भी समान रूप से महत्वपूर्ण होती है। भारतीय इतिहास में जब भी राष्ट्र की अस्मिता और स्वाभिमान की चर्चा होती है,तब दानवीर भामाशाह का नाम अत्यंत सम्मान के साथ लिया जाता है। उन्होंने कहा कि भामाशाह केवल महान दानी ही नहीं,बल्कि मेवाड़ के कुशल प्रधानमंत्री एवं उत्कृष्ट रणनीतिकार भी थे,जिन्होंने कठिन परिस्थितियों में वित्तीय एवं रसद प्रबंधन को सुचारु बनाए रखकर महाराणा प्रताप के संघर्ष को नई शक्ति प्रदान की।उन्होंने उपस्थित व्यापारियों का समाज एवं राष्ट्र के प्रति उनके योगदान के लिए आभार व्यक्त किया। व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष उमाशंकर ओमर ने कहा कि दानवीर भामाशाह की जयंती केवल औपचारिक रूप से मनाना पर्याप्त नहीं है,बल्कि उनके आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार भामाशाह ने राष्ट्रहित में अपना सर्वस्व समर्पित कर दिया, उसी प्रकार प्रत्येक व्यापारी एवं नागरिक को समाज और राष्ट्र के विकास में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करनी चाहिए।कार्यक्रम के दौरान संस्कृति विभाग,उत्तर प्रदेश द्वारा पंजीकृत कलाकार रिंकी एवं उनकी टीम ने मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुति देकर उपस्थित लोगों का मन मोह लिया। वहीं सोनी धापा बालिका इंटर कॉलेज की छात्राओं ने आकर्षक घूमर नृत्य प्रस्तुत कर कार्यक्रम में सांस्कृतिक रंग भर दिए। स्वागत गीत एवं सांस्कृतिक प्रस्तुति ऋषु मद्धेशिया द्वारा दी गई, जिसे उपस्थित जनसमूह ने सराहा।कार्यक्रम में रू0 पाँच करोड़ से अधिक की फर्म जे0पी0 ऑटोमोबाइल,प्रकाश इलेक्ट्रानिक, राजपुत ऑटोमोबाइल,अनुपम, मुरलीधर,राजेन्द्र प्रसाद एवं करिश्मा यार्न्स प्रा0लि0 के फर्म स्वामियों को भामाशाह सम्मान पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त रू0 पाँच करोड़ से कम टर्नओवर की फर्म बालाजी इन्टरप्राइजेज,मऊ बैटरी एवं ऑयल एजेन्सी,हिन्दुस्तान टेन्ट हाउस एवं हॉट एण्ड कूल रेस्टोरेण्ट एण्ड बैकरी के फर्म स्वामियों को भामाशाह सम्मान पुरस्कार से सम्मानित किया गया। उक्त कार्यक्रम में फर्म अनुपम से महिला उद्यमी विभा खण्डेलवाल,एवं फर्म बालाजी इण्टरप्राइजेज से अन्जु थरड को सम्मानित किया गया।कार्यक्रम का आयोजन राज्य कर विभाग द्वारा किया गया। कार्यक्रम में श्रीराम सरोज संयुक्त आयुक्त, उपायुक्त राज्य कर बृजेश कुमार दीपंकर एवं मनोज कुमार यादव, सहायक आय़ुक्त नितिन श्रीवास्तव सहायक आय़ुक्त,संजीव कुमार तथा ऋषि प्रसाद रस्तोगी, राज्य कर अधिकारी राजेश सिंह,आनन्द सिंह,सतीष चन्द्र वर्मा,शशिकेश सिंह, शिव कुमार गुप्ता सहित राज्य कर कार्यालय से सगीर अहमद, शुभम सिंह,अमित राय, प्रशान्त कुमार,सर्वेश यादव,पदमा देवी,हुस्ना बानो इत्यादि उपस्थित रहे। व्यापार मंडल के पदाधिकारी,विभिन्न व्यापारी संगठन,जनप्रतिनिधिगण, अधिकारीगण एवं बड़ी संख्या में व्यापारी यथा मनीष सर्राफ, राकेश कुमार तिवारी,शिवजी राय, संजय वर्मा,भरत थरड इत्यादि उपस्थित रहे। सभी ने दानवीर भामाशाह के आदर्शों का अनुसरण करते हुए राष्ट्र एवं समाज की उन्नति में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।
