देवल संवाददाता, लखनऊ।समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर भाजपा और चुनाव आयोग पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने मतदाता सूची में गड़बड़ी, विपक्षी मतदाताओं के नाम काटने और फर्जी वोट जुड़वाने का आरोप लगाते हुए सपा कार्यकर्ताओं से सतर्क रहने की अपील की। अखिलेश ने कहा कि इस बार भाजपा का घड़ा नहीं, बल्कि टैंकर फूटेगा। उन्होंने दावा किया कि पीडीए, मुस्लिम-यादव और युवा मतदाताओं के समर्थन से सपा चुनाव में जीत हासिल करेगी।
एक व्यक्ति के दस वोट होने का आरोप
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची में गड़बड़ी के जरिए एक व्यक्ति के नाम पर कई वोट दर्ज किए जा रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि एक वोट व्यक्ति डालेगा और नौ वोट भाजपा डालेगी। उन्होंने नंदलाल निषाद का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें सामने लाने के लिए एक लाख रुपये का पुरस्कार रखा गया था, लेकिन वह खुद सामने आ गए। अखिलेश ने दावा किया कि उन्हें दस्तखत करना भी नहीं आता।
उन्होंने विकास यादव और शंभू शंकर शर्मा के नामों का जिक्र करते हुए मतदाता सूची से जुड़े सवाल उठाए। अखिलेश ने कहा कि उनकी पार्टी ने 100 विधानसभा क्षेत्रों में शिकायतें की हैं। उन्होंने सपा कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे अपने समर्थकों के वोट जुड़वाएं और किसी का नाम गलत तरीके से कटने न दें। उन्होंने 17 और 24 तारीख को इस लिहाज से महत्वपूर्ण बताया।
चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल
सपा अध्यक्ष ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग करते हुए कहा कि चुनाव आयोग की साख खत्म हो चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि आयोग कई मौकों पर भाजपा के साथ खड़ा दिखाई दिया। अखिलेश ने कुंदरकी उपचुनाव का जिक्र करते हुए चुनाव में धांधली का आरोप भी लगाया।
उन्होंने कहा कि पीडीए परिवार का कोई व्यक्ति चुनाव ड्यूटी में नहीं है और ईआरओ के स्तर पर भी प्रतिनिधित्व को लेकर सवाल हैं। अखिलेश ने आरोप लगाया कि भाजपा नकली वोट जुड़वाने, विपक्षी मतदाताओं के नाम कटवाने, ईवीएम में गड़बड़ी कराने और हारे हुए प्रत्याशियों को जीत का प्रमाणपत्र दिलाने की कोशिश करती है। ये सभी उनके आरोप हैं, जिनकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
इकाना स्टेडियम और कैंसर अस्पताल के नामकरण पर तंज
अखिलेश यादव ने लखनऊ के इकाना स्टेडियम और कैंसर अस्पताल के नामकरण को लेकर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि इकाना स्टेडियम का नाम अटल बिहारी वाजपेयी और कैंसर अस्पताल का नाम कल्याण सिंह के नाम पर रखा गया। लोक भवन में अटल जी की प्रतिमा का जिक्र करते हुए उन्होंने तंज किया कि वहां अटल जी अकेले बोर हो रहे हैं।
विदेश नीति और बैंक शाखाओं का मुद्दा उठाया
विदेश नीति पर सवाल उठाते हुए अखिलेश ने विदेशों में नाविकों की मौत और ईरान से जुड़े हालात का जिक्र किया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश नीति की आलोचना करते हुए कहा कि सरकार के विश्वगुरु होने के दावे खोखले हैं। उनका कहना था कि अगर प्रधानमंत्री पाकिस्तान की तरह ईरान में भी हस्तक्षेप करते, तो युद्ध और महंगाई की स्थिति अलग हो सकती थी।
अखिलेश ने बैंक शाखाओं के विस्तार का दावा करते हुए कहा कि सपा सरकार के समय छह हजार बैंक शाखाएं खुलवाने की बात पर लोगों ने भरोसा नहीं किया था, लेकिन एक दिन में 300 शाखाएं खोलने का रिकॉर्ड बना। उन्होंने उत्तर प्रदेश से इलाहाबाद बैंक के चले जाने और त्योहारों के मौसम में एक और बैंक के जाने का भी जिक्र किया।
