श्री कुशवाहा ने कहा कि सामाजिक न्याय की लड़ाई बहुत पुरानी है । भाजपा सरकार सामाजिक न्याय विरोधी सरकार है । यह सरकार पूंजीपतियों की सरकार है। इस सरकार को किसानों नौजवानों अल्पसंख्यक मजदूर आदिवासियों व्यापारियों से कोई लेना देना नहीं है । भाजपा हमेशा नकारात्मक राजनीति करती है । विपक्ष पर झूठे आरोप लगाकर बदनाम करने का काम करती है। इसलिए हम सभी पीडीए समाज से अपील है कि आप लोग गांव-गांव जाकर भाजपा सरकार की गलत नीतियों को बताने का काम करें और पीडीए समाज को जगाने का काम करें जिससे पीडीए समाज आगे बढ़े और भाजपा सरकार को आगामी विधानसभा चुनाव में उखाड़ फेंकने का काम करें ।
महा सम्मेलन को संबोधित करते हुए समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष राम निहोर यादव ने कहा कि भाजपा बाबा साहब का संविधान और कानून नहीं मानती है। बाबा साहब का संविधान बचाने एवं सामाजिक न्याय के लिए पीडीए सरकार बनाना जरूरी है । भाजपा के खिलाफ पीडीए ही विकल्प है । पीडीए की एकता से बीजेपी घबराई हुई है। भाजपा सरकार में गरीब और कमजोरों पर अत्याचार चरम सीमा पर है ।उसका एजेंडा नफरत फैलाना है ।इसलिए हम सभी पीडीए समाज की जिम्मेदारी है कि हम लोग एक होकर समाजवादी पार्टी की सरकार बनाएं और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश यादव जी के हाथों को मजबूत करें जिससे हर समाज का विकास हो सके और समाजवादी पार्टी की सरकार बन सके ।
पीडीए महा सम्मेलन को संबोधित करते हुए सांसद छोटेलाल सिंह खरवार ने कहा कि आज कार्यक्रम में सामाजिक न्याय की लड़ाई को लड़ने वाले बड़ी संख्या में लोग मौजूद हैं । सभी लोग पीडीए समाज को और जोड़ने तथा पीडीए आंदोलन को और मजबूत करने का संकल्प लें।
श्री खरवार ने कहा कि समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश यादव ने अपना पूरा समय वंचित शोषित तपके को न्याय दिलाने और सामाजिक न्याय की लड़ाई लड़ने में लगे हुए हैं ।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए ड0 भागीरथी सिंह मौर्य प्रदेश प्रमुख महासचिव जन अधिकार पार्टी ने कहा कि भाजपा सरकार जातिय जडगणना करने से भाग रही है क्योंकि कुशवाहा शाक्य मौर्य सैनी समाज के लोग आबादी में ज्यादा है लेकिन भाजपा सरकार संख्या में कम बताई है । इसकी गिनती होनी चाहिए । आबादी के हिसाब से हक एवं सम्मान मिलना चाहिए । वह केवल समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव दिला सकते हैं । इसलिए हम सभी पीडीए समाज को एक होकर समाज की लड़ाई लड़नी होगी ।
कार्यक्रम में मुख्य रूप से आदित्य मौर्य वेदमणी शुक्ला सुमंत सिंह मौर्य चौधरी यशवंत सिंह पटेल रवि रंजन शाक्य मुनीर अहमद गीता गौर राजेंद्र सिंह पटेल रमेश चंद दुबे परमेश्वर दयाल अनिल प्रधान रविंद्र बहादुर सिंह पटेल मोहन कुशवाहा श्याम बिहारी यादव कृष्णानंद मौर्य संजय यादव गुलाब मौर्य विजय यादव अशोक पटेल मोहम्मद शईद कुरैशी जय प्रकाश उर्फ चेखूर पांडे लोकपति सिंह पटेल फुलवंती गौड़ मन्नू पांडे कुमारी मंदाकिनी पांडे किरण कुशवाहा निधि पांडे नरेंद्र प्रताप सिंह गौड़ राम भरोसे सिंह पटेल रवी गौड सुनील गौड़ अनिल यादव जयप्रकाश कमलापति मौर्य नामवर कुशवाहा लाल बहादुर पाल राजेश विश्वकर्मा बाबूलाल यादव विजय शंकर जायसवाल अवध नारायण यादव चंदन शर्मा परमेश्वर यादव जितेंद्र बियार रामजतन प्रजापति रमेश वर्मा कृपा शंकर चौहान लल्लू भारती वासुदेव कोल राजेश गौड़ सुरेश यादव शिव शंकर पासवान कृष्णा बैसवार बबलू धागर ज्यूतेष गौतम सत्यम पांडे विनीत सरोज प्रदीप कनौजिया त्रिपुरारी गौड़ नंद कुमार खरवार रूपसा बैग लाल बाबू घसिया के साथ जन अधिकार पार्टी एवं समाजवादी पार्टी के और पीडीए समाज के लोग भारी संख्या में उपस्थित थे ।