देवल संवाददाता, मऊ। आयुक्त महोदया एवं जिलाधिकारी महोदय के निर्देशानुसार तथा सहायक आयुक्त मंजूषा सिंह के नेतृत्व में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग, मऊ द्वारा श्रावण मास एवं कांवड़ यात्रा के दृष्टिगत आमजन एवं श्रद्धालुओं को शुद्ध, सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य एवं पेय पदार्थ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जनपद के समस्त कांवड़ मार्गों पर विशेष निरीक्षण अभियान चलाया गया। इसके तहत खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की तैनाती कर निरंतर निगरानी सुनिश्चित की गई है।अभियान के दौरान विभागीय टीम ने कांवड़ मार्गों पर स्थित मिठाई की दुकानों,राष्ट्रीय राजमार्ग-29 पर संचालित ढाबों, होटल एवं रेस्टोरेंटों का सघन निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान यू.पी. 54 ढाबा एवं सान्वी रेस्टोरेंट बिना वैध खाद्य लाइसेंस संचालित पाए गए। साथ ही इन प्रतिष्ठानों पर खाद्य पदार्थों का निर्माण एवं विक्रय अस्वच्छ एवं अस्वास्थ्यकर परिस्थितियों में किया जा रहा था। इस पर विभाग ने तत्काल प्रभाव से दोनों प्रतिष्ठानों का संचालन बंद कराते हुए आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की।निरीक्षण के दौरान सभी खाद्य कारोबारियों को निर्देशित किया गया कि वे अपने खाद्य लाइसेंस एवं पंजीकरण प्रमाण-पत्र प्रतिष्ठान के प्रमुख स्थान पर अनिवार्य रूप से प्रदर्शित करें, जिससे उपभोक्ताओं को आवश्यक जानकारी सहज रूप से उपलब्ध हो सके। इसके साथ ही विभाग द्वारा खाद्य प्रतिष्ठानों पर फूड सेफ्टी कनेक्ट से संबंधित ग्राहक संतुष्टि फीडबैक क्यूआर कोड एवं टोल फ्री नंबर भी प्रदर्शित कराए जा रहे हैं। इस क्यूआर कोड को स्कैन कर उपभोक्ता संबंधित प्रतिष्ठान की जानकारी प्राप्त करने के साथ-साथ किसी भी प्रकार की शिकायत भी ऑनलाइन दर्ज करा सकते हैं।खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने होटल,ढाबा एवं रेस्टोरेंट संचालकों को स्वच्छता एवं हाइजीन के मानकों का कड़ाई से पालन करने,खाद्य एवं पेय पदार्थों की गुणवत्ता बनाए रखने तथा सुरक्षित खाद्य प्रबंधन के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। उन्हें खाद्य पदार्थों में कृत्रिम रंगों एवं खुले मसालों के प्रयोग से बचने,केवल बंद पैकेट वाले मसालों का उपयोग करने, ताजे फल एवं ताजी सब्जियों का प्रयोग करने तथा प्रत्येक समय के लिए ताजा भोजन तैयार कर परोसने के निर्देश दिए गए। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि पूर्व में तैयार भोजन को अगले समय के लिए न रखा जाए और न ही परोसा जाए।विभाग द्वारा कटे हुए एवं सड़े-गले फलों के विक्रय पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के निर्देश भी दिए गए। निरीक्षण के दौरान उपस्थित आमजन को भी मिलावटी एवं रंगयुक्त खाद्य पदार्थों से बचने,खुले में रखे खाद्य पदार्थों एवं कटे हुए फलों का सेवन न करने तथा स्वच्छ एवं लाइसेंसधारी प्रतिष्ठानों से ही खाद्य सामग्री क्रय करने के प्रति जागरूक किया गया।सहायक आयुक्त मंजूषा सिंह ने बताया कि श्रावण मास एवं कांवड़ यात्रा की अवधि में यह विशेष अभियान निरंतर जारी रहेगा। खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के विरुद्ध खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी,ताकि श्रद्धालुओं एवं आमजन को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराए जा सकें।इस अभियान में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी देवेंद्र सिंह यादव,खाद्य सुरक्षा अधिकारी अमित कुमार राना,ओम प्रकाश यादव,रीता,अजीत कुमार त्रिपाठी,विजय प्रकाश एवं स्वामीनाथ सहित विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
