देवल संवाददाता, आजमगढ़। मेहनाजपुर थाना क्षेत्र में निजी बस के स्टाफ से रंगदारी मांगकर रुपये छीनने के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने घटना में छीनी गई रकम में से 500 रुपये भी बरामद किए हैं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देश पर चलाए जा रहे अपराधियों के खिलाफ अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई।
पुलिस के अनुसार 5 जून 2026 को वाराणसी से आजमगढ़ आ रही एक निजी बस को मेहनाजपुर बाजार स्थित शराब की दुकान के पास कुछ लोगों ने रोक लिया। आरोप है कि आरोपियों ने बस स्टाफ से जबरन रुपये की मांग की। विरोध करने पर कथित रूप से असलहा दिखाकर उन्हें डराया-धमकाया गया और रुपये छीन लिए गए। इतना ही नहीं, भविष्य में क्षेत्र में वाहन संचालन करने पर प्रतिदिन रुपये देने की धमकी भी दी गई।
घटना की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने जांच कर थाना मेहनाजपुर में मुकदमा संख्या 53/2026 धारा 308(5) और 309(4) बीएनएस के तहत अभियोग पंजीकृत किया। विवेचना के दौरान साक्ष्य मिलने पर मुकदमे में धारा 317(2) और 3(5) बीएनएस की भी बढ़ोत्तरी की गई।
थानाध्यक्ष मेहनाजपुर के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने 7 जून को मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए दोनों वांछित आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पहला आरोपी बेचू सिंह पुत्र बीरबल सिंह निवासी ग्राम भुजहुआं, थाना खानपुर, जनपद गाजीपुर को जियापुर स्थित पानी टंकी के सामने एक बंद होटल के पास से गिरफ्तार किया गया। वहीं दूसरे आरोपी संजय सिंह पुत्र स्वर्गीय मदन मोहन सिंह निवासी लालमऊ, थाना मेहनाजपुर को औड़िहार रोड स्थित लालमऊ मोड़ के पास से पकड़ा गया।
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से घटना से संबंधित 500 रुपये नकद बरामद किए हैं। पूछताछ के बाद दोनों आरोपियों के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय भेज दिया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार बस चालकों और स्टाफ से कथित रूप से ‘गुंडा टैक्स’ वसूलने की शिकायत को गंभीरता से लिया गया और 48 घंटे के भीतर आरोपियों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे पहुंचा दिया गया। मामले की आगे की विवेचना जारी है।
