आमिर, देवल ब्यूरो ,जौनपुर। आगामी मोहर्रम, अंतरराष्ट्रीय योग दिवस और नीट परीक्षा को देखते हुए जिला प्रशासन ने विद्युत व्यवस्था को लेकर तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन. ने कलेक्ट्रेट सभागार में विद्युत विभाग की समीक्षा बैठक करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी परिस्थिति में बिजली आपूर्ति बाधित नहीं होनी चाहिए और आमजन को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने मोहर्रम के जुलूसों को लेकर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी प्रमुख जुलूस मार्गों की जानकारी पहले से एकत्र कर अंजुमन समितियों के साथ समन्वय स्थापित किया जाए। संवेदनशील स्थानों पर विद्युत विभाग के कर्मचारियों की तैनाती सुनिश्चित की जाए तथा किसी भी संभावित विद्युत दुर्घटना से बचाव के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं। आवश्यकता पड़ने पर सुरक्षा के दृष्टिगत बिजली आपूर्ति अस्थायी रूप से बंद करने की भी व्यवस्था रखी जाए।
डीएम ने कहा कि 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस और नीट परीक्षा का आयोजन होना है। ऐसे में अनुरक्षण या निर्माण कार्यों के नाम पर बिजली कटौती नहीं की जाएगी। यदि कहीं तकनीकी खराबी या ब्रेकडाउन की स्थिति उत्पन्न होती है तो तत्काल मरम्मत कर आपूर्ति बहाल की जाए ताकि परीक्षार्थियों और प्रतिभागियों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
उन्होंने रात्रि चौपाल कार्यक्रमों में भी निर्बाध बिजली उपलब्ध कराने के निर्देश देते हुए कहा कि जिन चौपालों में जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति प्रस्तावित है, वहां संबंधित अधिशासी अभियंताओं की मौजूदगी सुनिश्चित की जाए ताकि शिकायतों का मौके पर समाधान किया जा सके।
आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों की समीक्षा के दौरान विद्युत वितरण खंड-तृतीय जौनपुर में 70 प्रतिशत उपभोक्ता संतुष्टि का स्तर सामने आया। जिलाधिकारी ने इसे और बेहतर बनाने पर जोर देते हुए सभी वितरण खंडों को शिकायतों के त्वरित निस्तारण के निर्देश दिए।
बैठक में ट्रांसफार्मरों की स्थिति पर भी विस्तार से चर्चा हुई। डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसी भी हाल में ट्रांसफार्मर जलने की घटनाएं न हों। खराब ट्रांसफार्मरों को निर्धारित समय के भीतर बदला जाए तथा ओवरलोड ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाने की कार्रवाई शीघ्र पूरी की जाए। साथ ही उपयुक्त क्षमता के फ्यूज लगाने पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया।
राजस्व वसूली, बिजली बिल वितरण और बिजली चोरी की रोकथाम को लेकर भी जिलाधिकारी ने सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को समय से सही बिल उपलब्ध कराए जाएं तथा बिजली चोरी के मामलों में विधिक कार्रवाई निर्धारित समय के भीतर पूरी की जाए। सभी वितरण परिवर्तकों पर स्मार्ट मीटरिंग कार्य शीघ्र पूरा करने और वर्षा ऋतु से पहले विद्युत पोलों की अर्थिंग तथा बिजली लाइनों से टकराने वाली पेड़ों की शाखाओं की छंटाई कराने के भी निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि विद्युत व्यवस्था में लापरवाही के कारण किसी भी प्रकार की जनहानि या पशुहानि की घटना नहीं होनी चाहिए। यदि ऐसी कोई घटना होती है तो संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करते हुए कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ध्रुव खाड़िया, विद्युत विभाग के अधीक्षण अभियंता, अधिशासी अभियंता, उपखंड अधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
