आमिर, देवल ब्यूरो ,जौनपुर। तेज आंधी और तूफान के कारण जनपद में बाधित हुई विद्युत व्यवस्था को लेकर सैमुअल पॉल एन ने शनिवार देर शाम कलेक्ट्रेट सभागार में विद्युत विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में जिलाधिकारी ने बिजली व्यवस्था को शीघ्र सामान्य करने के लिए अधिकारियों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि क्षतिग्रस्त विद्युत पोलों को युद्धस्तर पर बदलकर दो दिनों के भीतर आपूर्ति पूरी तरह बहाल की जाए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि जब तक बिजली आपूर्ति सामान्य नहीं हो जाती, तब तक अधीक्षण अभियंता और अधिशासी अभियंता प्रतिदिन शाम को कार्यों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे। उन्होंने नए लगाए जा रहे पोलों की मजबूत ग्राउटिंग कराने तथा जरूरत के अनुसार स्टे वायर लगाने के भी निर्देश दिए, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की दुर्घटना या व्यवधान की स्थिति उत्पन्न न हो।
बैठक में ट्रांसफार्मरों की सुरक्षा को लेकर भी विशेष चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि ट्रांसफार्मरों को क्षति से बचाने के लिए टेललेस यूनिट, फ्यूज और अन्य सुरक्षा उपकरण लगाए जाएं। साथ ही पर्याप्त संख्या में ट्रांसफार्मर उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए, ताकि खराबी आने पर तत्काल प्रतिस्थापन किया जा सके और उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना न करना पड़े।
उत्तर प्रदेश पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड के अधिकारियों को चेतावनी देते हुए डीएम ने कहा कि बिजली बिल से जुड़ी शिकायतों का निस्तारण उपखंड स्तर पर ही सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। यदि किसी स्तर पर लापरवाही पाई गई तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यालय क्षेत्र में लगातार हो रही ट्रिपिंग की समस्या पर नाराजगी जताते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल समाधान कराने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्युत पोलों और तारों के नियमित अनुरक्षण, पेड़ों की कटाई तथा जलभराव और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में सुरक्षा मानकों की जांच सुनिश्चित करने को कहा। डीएम ने विशेष रूप से करंट उतरने की घटनाओं को रोकने के लिए इंसुलेशन और सुरक्षा उपकरणों की गुणवत्ता पर ध्यान देने का निर्देश दिया।
राजस्व वसूली की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि सभी अधिशासी अभियंता नियमित रूप से आरसी भेजना सुनिश्चित करें। आरसी में उपभोक्ता का नाम और सही पता स्पष्ट रूप से अंकित हो, ताकि वसूली प्रक्रिया प्रभावी ढंग से संचालित की जा सके। साथ ही सभी तहसीलों में आरसी का मिलान कराने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक के दौरान कार्यों की धीमी प्रगति पर असंतोष व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने अधीक्षण अभियंता द्वितीय को कारण बताओ नोटिस जारी करने तथा उपखंड अधिकारी खेतासराय का अगले आदेश तक वेतन रोकने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विभाग के सभी अधिकारी और कर्मचारी अगले तीन माह तक अलर्ट मोड में कार्य करेंगे तथा किसी भी विद्युत व्यवधान पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे।
डीएम ने यह भी स्पष्ट किया कि 15 दिन बाद पुनः समीक्षा बैठक आयोजित की जाएगी। यदि निर्देशों का अनुपालन संतोषजनक नहीं पाया गया तो संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) परमाणंद झा, मुख्य राजस्व अधिकारी अजय अंबष्ट, नगर मजिस्ट्रेट इंद्रनंदन सिंह सहित विद्युत विभाग के अधीक्षण अभियंता, अधिशासी अभियंता, उपखंड अधिकारी और अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
