आइआइटी बीएचयू की छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना के दस दिनों बाद भी पुलिस बुलेट से आए उन आरोपितों को पकड़ने में नाकाम साबित हुई है। प्रदेश के कई जिलों और प्रांतों में छापेमारी करने निकली टीमें के हाथ भी अभी तक कोई सुराग नहीं लगा है। ऐसे में अब गुनहगारों तक पहुंचने के लिए पुलिस संभावित स्केच बनवाएगी।आइआइटी बीएचयू की छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना के दस दिन बाद भी पुलिस ने निराश किया। पुलिस ने गुनहगारों तक पहुंचने के प्रयास में संभावित स्केच तैयार करने की दिशा में कदम बढ़ाया गया है। पुलिस को भरोसा है कि गुनहगारों के संभावित चेहरे सामने आने पर कोई ठोस सुबूत सामने आएगा।पुलिस अधिकारी इस मामले में चल रही कार्रवाई को टाप सीक्रेट बताते हुए फोन करने कोई प्रतिक्रिया देने से बच रहे हैं।बीएचयू की छात्रा के साथ एक नवंबर की रात ज्यादती की घटना के बाद से ही पुलिस पर तीन आरोपितों को पकड़ने का जबरदस्त दबाव है। 225 से ज्यादा सीसीटीवी के फुटेज देखे जा चुके हैं।15 से अधिक संदिग्धों से पूछताछ की गई है, लेकिन बुलेट सवार तीनों आरोपित का पता नहीं चल पाया। अब जब पुलिस पीड़िता के 161 के बयान में सामूहिक दुष्कर्म समेत तीन धाराएं बढ़ा चुकी है, तो अगला कदम संभावित गुनहगारों के संभावित स्केच जारी करने का है। स्केच बनाने वाले विशेषज्ञों से संपर्क किया जा रहा है।उधर बीएचयू के छात्र एसआइटी और सीबीआइ से जांच करने की मांग पर अब भी अड़े हैं। पुलिस के बड़े अधिकारी ने बताया कि कई सुबूत मिले हैं, लेकिन कोई भी कदम उठाने से पहले उसे सच्चाई के सभी मानकों पर तराश रहे हैं। हम असली गुनहगारों को सलाखों के पीछे पहुंचाकर रहेंगे।