आमिर, देवल ब्यूरो ,जौनपुर के केराकत क्षेत्र में चौकिया शिवालय के पास शुक्रवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया, जहां गैस पाइपलाइन में लीकेज ठीक करने के दौरान मिट्टी धंसने से दो श्रमिकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक अन्य श्रमिक ने किसी तरह अपनी जान बचा ली। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी और शोक का माहौल फैल गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गहरी खुदाई कर सीएनजी पाइपलाइन के लीकेज को ठीक करने का कार्य किया जा रहा था। इस दौरान तीन श्रमिक गड्ढे के भीतर काम कर रहे थे। बताया जा रहा है कि ऊपर जमा की गई ढीली मिट्टी अचानक खिसकने लगी। इससे पहले कि श्रमिक संभल पाते, दो लोग मिट्टी के नीचे दब गए, जबकि तीसरा श्रमिक किसी तरह बाहर निकलने में सफल रहा और शोर मचाकर लोगों को घटना की जानकारी दी।
शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और तत्काल पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू अभियान शुरू किया गया। कड़ी मशक्कत के बाद करीब दो घंटे के प्रयास से दोनों दबे हुए श्रमिकों को बाहर निकाला गया और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मृतकों की पहचान बिहार के मुजफ्फरनगर निवासी 20 वर्षीय प्रिंस कुमार और 32 वर्षीय निरंजन महतो के रूप में हुई है। घटना की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया।
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि खुदाई स्थल पर सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए थे। गड्ढा काफी गहरा था, लेकिन न तो किनारों को सुरक्षित किया गया था और न ही श्रमिकों के लिए जरूरी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए गए थे, जिसके चलते यह बड़ा हादसा हो गया।
इस संबंध में अपर पुलिस अधीक्षक अजीत रजक ने बताया कि फायर ब्रिगेड की टीम द्वारा रेस्क्यू कर दोनों श्रमिकों को बाहर निकाला गया और अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाएगी।
