देवल संवाददाता, उत्तर प्रदेश राज्य कर्मचारी महासंघ ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। बुधवार को पूर्वांचल दौरे के दौरान बलिया पहुंचे महासंघ के प्रांतीय अध्यक्ष रामलाल यादव ने सरकार को दो टूक चेतावनी दी। उन्होंने साफ किया कि यदि कर्मचारी हितों से जुड़ी मांगें जल्द पूरी नहीं की गईं, तो वे चुप नहीं बैठेंगे और सरकार से 'दो-दो हाथ' करने के लिए तैयार हैं।
बलिया में पदाधिकारियों की बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में रामलाल यादव ने अपनी मांगों की फेहरिस्त गिनाई। उन्होंने कहा कि पुरानी पेंशन को फिर से लागू करने की मांग सबसे प्रमुख है। इसके साथ ही, आठवां वेतनमान लागू करने की मांग पर भी महासंघ अडिग है।कर्मचारियों का 8 महीने का रुका हुआ महंगाई भत्ता (DA) तुरंत जारी करने की मांग की गई है।
चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की नियुक्ति का आदेश वापस लेने और सर्विस वेटेज (सर्विस जोड़ने) से संबंधित मामलों के समाधान पर भी जोर दिया गया है।रामलाल यादव ने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि कर्मचारी महासंघ आंदोलन की पूरी तैयारी कर चुका है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि केंद्र सरकार पुरानी पेंशन बहाल नहीं करती है, तो दिल्ली में एक बड़ी रैली की जाएगी। वहीं, राज्य सरकार से जुड़ी मांगों को लेकर लखनऊ में एक बड़ा आंदोलन खड़ा किया जाएगा।
प्रांतीय अध्यक्ष ने दो टूक कहा, "हम सरकार को चेताने आए हैं। अगर हमारी मांगें नहीं मानी गईं, तो हम संघर्ष करेंगे। बिना संघर्ष किए हम मानने वाले नहीं हैं।" उन्होंने बताया कि पूर्वांचल के इस दौरे का मकसद कर्मचारियों और पदाधिकारियों को लामबंद करना है, ताकि आने वाले समय में एक बड़े आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जा सके।
