देवल संवाददाता, आजमगढ़। जिले में दो अलग-अलग हत्या के मामलों में 15 आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा दिलाने में अहम भूमिका निभाने वाले सात पुलिसकर्मियों को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। यह सम्मान पुलिस कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में दिया गया।
ऑपरेशन कन्विक्शन अभियान के तहत थाना मुबारकपुर में वर्ष 2002 में दर्ज हत्या के मामले में न्यायालय ने 12 आरोपियों को आजीवन कारावास और प्रत्येक पर 66,500 रुपये का अर्थदंड लगाया। इस मामले में अफजाल, अलाउद्दीन, दिलशाद, वसीम अहमद, हुसैन अहमद, मोहम्मद अय्यूब फैजी, फहीम अख्तर, असरार अहमद, मोहम्मद याकूब, अली जहीर और इरशाद अहमद समेत कुल 12 आरोपियों को दोषी ठहराया गया।
वहीं थाना मेहनाजपुर में वर्ष 2014 में दर्ज हत्या व एससी-एसटी एक्ट के मामले में रोहित उर्फ कमलेश कुमार, सरजू राम और डम्पी सिंह उर्फ तेज प्रताप सिंह को न्यायालय ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इनमें दो आरोपियों पर 25-25 हजार और एक पर 50 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया।
इन दोनों मामलों में प्रभावी पैरवी और साक्ष्य प्रस्तुत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले सात पुलिसकर्मियों को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। सम्मानित होने वालों में मुख्य आरक्षी गजानन सरोज, मुख्य आरक्षी शैलेन्द्र कुमार यादव, आरक्षी ओम प्रकाश यादव, आरक्षी इमरान अंसारी, आरक्षी कुलदीप पटेल, आरक्षी श्री प्रकाश यादव और आरक्षी तरुण पाण्डेय शामिल हैं।
इस दौरान एसएसपी ने पुलिसकर्मियों के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत प्रभावी पैरवी से अपराधियों को सजा दिलाना पुलिस की प्राथमिकता है। उन्होंने अन्य पुलिसकर्मियों को भी इसी तरह गंभीर मामलों में मजबूत पैरवी कर अपराधियों को सजा दिलाने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में अपर पुलिस अधीक्षक नगर मधुबन कुमार सिंह और क्षेत्राधिकारी फूलपुर किरन पाल सिंह भी मौजूद रहे।