अम्बेडकरनगर में सर्व शिक्षा अभियान के तहत 4 करोड़ 62 लाख रुपये में जर्जर हो चुके 32 परिषदीय विद्यालय के नए भवन का निर्माण होगा। इसके बन जाने से अतिरिक्त भवन में चल रहे 32 परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले करीब 6 हजार छात्र-छात्राओं को लाभ मिलेगा। स्कूल भवन के लिए लगभग तीन करोड़ रुपये की राशि भी संबंधित विद्यालय के प्रबंध समिति के खाते में भेज दी गई। अब जल्द ही स्कूल का निर्माण शुरू होगा।परिषदीय विद्यालय में पढ़ रहे बच्चो को शिक्षा के साथ अन्य मूलभूत सुविधाएं मिले। इसके लिए शासन एक के बाद एक निर्णय ले रहा है। बीते दिनों शिक्षा निदेशालय ने निर्णय लिया था कि जर्जर भवन में संचालित परिषदीय विद्यालय के लिए नए भवन का निर्माण कराया जाएगा। निदेशालय ने कुछ दिन पहले बीएसए कार्यालय से ऐसे विद्यालयों की सूची मांगी थी, जिनके भवन जर्जर हो गए हैं।बीएसए कार्यालय के अनुसार सत्यापन में ऐसे 224 विद्यालय जर्जर मिले थे। इसमें 168 भवनों को ध्वस्त भी करा दिया गया। जबकि 42 स्कूलों के भवन को ध्वस्त किए जाने की प्रक्रिया चल रही है। वहीं बीएसए कार्यालय ने बीते दिनों 34 विद्यालयों के भवन निर्माण की सूची शासन को भेजी थी। जिसमे शासन ने 32 विद्यालय भवन निर्माण की मंजूरी प्रदान कर दिया इसमें दो उच्च प्राथमिक विद्यालय व 30 प्राथमिक विद्यालय शामिल हैं।प्राथमिक विद्यालय के निर्माण के लिए शासन ने पहली किस्त 2 करोड़ 7 लाख 15 हजार रुपये। जबकि दो उच्च प्राथमिक विद्यालय के लिए 47 लाख 56 हजार रुपये बीएसए कार्यालय को भेज दिया था। एक प्राथमिक विद्यालय का निर्माण 13 लाख 81 हजार रुपये में, जबकि एक उच्च प्राथमिक विद्यालय के निर्माण में 23 लाख 78 हजार रुपये लगेगा।बीएसए भोलेद्र प्रताप सिंह ने बताया कि 32 उच्च व प्राथमिक विद्यालय के नए भवन निर्माण के लिए राशि उपलब्ध हुई है। संबंधित विद्यालय के प्रबंध समिति के खाते में राशि भेज दी गई है।