आमिर, देवल ब्यूरो ,जौनपुर,मोहम्मद हसन पीजी कॉलेज, सौदागर में आयोजित राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के विशेष शिविर के दूसरे दिन का कार्यक्रम प्रेरक उद्बोधनों, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों एवं ज्ञानवर्धक सत्रों के साथ गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. अब्दुल कादिर खान ने की। मुख्य अतिथि के रूप में प्रोफेसर समर बहादुर सिंह उपस्थित रहे, जबकि विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रोफेसर विजय कुमार सिंह एवं युवा छात्र नेता उद्देश्य सिंह ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई। कार्यक्रम का प्रभावशाली संचालन अहमद अब्बास खान द्वारा किया गया। इस अवसर पर अतिथियों का अंगवस्त्र, स्मृति चिन्ह एवं पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मान किया गया।
कार्यक्रम के प्रथम सत्र में युवाओं के व्यक्तित्व निर्माण, राष्ट्र सेवा, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता एवं सकारात्मक सोच जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर वक्ताओं ने अपने विचार व्यक्त किए। अध्यक्ष डॉ. अब्दुल कादिर खान ने कहा कि युवा शक्ति समाज की सबसे बड़ी पूंजी है तथा राष्ट्रीय सेवा योजना युवाओं में सेवा, संस्कार और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना विकसित करने का सशक्त मंच है। मुख्य अतिथि प्रोफेसर समर बहादुर सिंह ने अपने प्रेरक उद्बोधन में कहा कि संघर्ष, अनुशासन और निरंतर परिश्रम ही सफलता का वास्तविक मार्ग प्रशस्त करते हैं तथा युवाओं को लक्ष्य के प्रति समर्पित रहकर समाज एवं राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। विशिष्ट अतिथि प्रोफेसर विजय कुमार सिंह ने शिक्षा के साथ नैतिक मूल्यों और संस्कारों के महत्व पर बल दिया। वहीं युवा छात्र नेता उद्देश्य सिंह ने विद्यार्थियों को नेतृत्व क्षमता विकसित कर सामाजिक सरोकारों के प्रति जागरूक रहने की प्रेरणा दी।
इस दौरान स्वयंसेवकों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने वातावरण को उत्साह, ऊर्जा और उमंग से भर दिया, जिससे शिविर में सहभागियों का मनोबल और अधिक प्रबल हुआ।
द्वितीय सत्र मनोविज्ञान एवं कौशल विकास विषय पर केन्द्रित रहा, जिसमें पूर्वांचल विश्वविद्यालय के प्रोफेसर अजय प्रताप सिंह, प्रोफेसर अनु त्यागी एवं असिस्टेंट प्रोफेसर आकांक्षा सिंह ने विद्यार्थियों को महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की। प्रोफेसर अजय प्रताप सिंह ने मानसिक संतुलन, आत्मविश्वास एवं सकारात्मक दृष्टिकोण को सफलता की आधारशिला बताते हुए कौशल विकास को वर्तमान समय की अनिवार्य आवश्यकता बताया। प्रोफेसर अनु त्यागी ने व्यक्तित्व विकास, प्रभावी संप्रेषण एवं तनाव प्रबंधन के महत्व पर प्रकाश डाला तथा विद्यार्थियों को लक्ष्य के प्रति दृढ़ और समर्पित रहने का संदेश दिया। असिस्टेंट प्रोफेसर आकांक्षा सिंह ने समय प्रबंधन, टीमवर्क एवं रचनात्मक सोच को आत्मनिर्भरता का आधार बताते हुए कौशल आधारित शिक्षा को उज्ज्वल भविष्य की कुंजी बताया।
कार्यक्रम में उपस्थित प्रमुख जनों में डॉ. जीवन यादव, आर.पी. सिंह, डॉ. ममता सिंह (कार्यक्रम अधिकारी), डॉ. नीलेश सिंह, डॉ. विवेक विक्रम सिंह, डॉ. अमित जायसवाल, डॉ. अरविंद यादव, डॉ. प्रज्वलित यादव, प्रवीण यादव, डॉ. आकांक्षा श्रीवास्तव, डॉ. अंकिता श्रीवास्तव, उमर खान एवं तकरीम फातिमा सहित महाविद्यालय परिवार के सदस्य तथा सैकड़ों स्वयंसेवक-स्वयंसेविकाएं उपस्थित रहीं।
इस प्रकार राष्ट्रीय सेवा योजना के विशेष शिविर का दूसरा दिन युवाओं में प्रेरणा, जागरूकता, मनोवैज्ञानिक समझ एवं कौशल उन्नयन के सशक्त संदेशों के साथ अत्यंत सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ।