बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शनिवार को यहां रानीगंज विधानसभा क्षेत्र के अंडाल में चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए भाजपा और चुनाव आयोग पर जमकर हमला बोला। एसआइआर का मुद्दा उठाते हुए ममता ने कहा कि यह भाजपा के लिए 'मृत्युबाण' साबित होगा।
ममता ने रघुनाथगंज में रामनवमी जुलूस के दौरान हुए विवाद को लेकर भी भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को हटाकर दंगा कराया गया, इसके लिए भाजपा और चुनाव आयोग दोनों जिम्मेदार हैं।
ममता ने मतदाताओं से कहा कि भाजपा ने बंगाल को निशाना बनाया है
ममता ने मतदाताओं से कहा कि भाजपा ने बंगाल को निशाना बनाया है, अब हमलोग दिल्ली को टारगेट करेंगे, संभाल लेना। ममता ने कहा कि बंगाल का सर्वनाश करने के चक्कर में भाजपा देश से जाएगी। बंगाल जीत कर हमलोग दिल्ली दखल के लिए देश के सभी राजनीतिक दलों को लेकर उतरेंगे। यह (भाजपा) सर्वनाशी दल है, इन्हें रखा नहीं जा सकता।
आगे कहा कि वह अमार बांग्ला कहते हैं, जिन्हें हमारे महापुरुषों की सही जानकारी तक नहीं है। भाजपा ने बंगाल की चुनी हुई मुख्यमंत्री से पावर छीन ली, राष्ट्रपति शासन जैसी स्थिति है, लेकिन बंगाल की जनता मेरे साथ है। मैंने सारा जीवन संघर्ष किया है, आगे भी करूंगी।
चुनाव आयोग को सुनाई खरी-खरी
चुनाव आयोग पर निशाना साधते बनर्जी ने कहा कि यह भाजपा संचालित वैनिश कमीशन है, जिसने बंगाल पर अत्याचार करने के लिए 50 से 100 अधिकारियों को तमिलनाडु व अन्य राज्य भेज दिया है, ताकि बेनामी रुपया यहां आए। गुंडा प्रवेश करे, बुलडोजर चल सके, दंगा कर सके।
एसआइआर प्रक्रिया पर उन्होंने कहा कि आज तक जनता को पता नहीं चल पाया है कि किसका नाम सूची में है और किसका नाम नहीं।
ईवीएम की पहरेदारी करें
मुख्यमंत्री ने सभा में लोगों से निवेदन किया वोट देने के समय केंद्रीय एजेंसी परेशान करे, कोई बूथ कब्जा की कोशिश करे तो विरोध करना। चुनाव प्रचार के बाद एवं मतदान के बाद ईवीएम की रक्षा करना। उनके रुपये पर बिक मत जाना, जो रुपये पर बिक जाता है, उसका चरित्र नष्ट हो जाता है।
