देवल संवाददाता, अतरौलिया/आज़मगढ़। साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत आज़मगढ़ पुलिस को एक उल्लेखनीय सफलता मिली है। अतरौलिया थाने की पुलिस की तत्परता और तकनीकी दक्षता के चलते साइबर ठगी के शिकार एक व्यक्ति को उसकी पूरी रकम ₹92,240 वापस दिला दी गई।
मामला थाना क्षेत्र के ग्राम गोरहरपुर निवासी मनोज कुमार सिंह से जुड़ा है। बीते 24 अक्तूबर 2025 को उनका मोबाइल फोन कहीं गुम हो गया था। फोन गुम होने के बाद अज्ञात साइबर ठगों ने उनके बैंक खाते में सेंध लगाकर ₹92,240 निकाल लिए। घटना की जानकारी होते ही पीड़ित ने तत्काल स्थानीय पुलिस और साइबर हेल्पडेस्क पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलते ही अतरौलिया पुलिस सक्रिय हो गई। साइबर हेल्पडेस्क के प्रभारी उपनिरीक्षक अभिषेक यादव ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच शुरू की और संबंधित बैंक के नोडल अधिकारी से संपर्क स्थापित किया। माननीय न्यायालय से प्राप्त ‘फंड रिलीज ऑर्डर’ के अनुपालन में आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कराई गई। लगातार प्रयासों और समन्वय के परिणामस्वरूप ठगी गई पूरी धनराशि पीड़ित के खाते में वापस करा दी गई।
अपनी मेहनत की कमाई वापस मिलने पर मनोज कुमार सिंह ने पुलिस प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि समय रहते की गई शिकायत और पुलिस की त्वरित कार्रवाई से उन्हें न्याय मिला।
इस सराहनीय कार्रवाई में उपनिरीक्षक अभिषेक यादव (प्रभारी साइबर हेल्पडेस्क) तथा कंप्यूटर ऑपरेटर ग्रेड-ए आशीष कुमार की प्रमुख भूमिका रही। थानाध्यक्ष देवेन्द्र नाथ दुबे ने बताया कि साइबर अपराध पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस टीम लगातार सक्रिय है। उन्होंने आमजन से अपील की कि किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर तुरंत शिकायत दर्ज कराएं, ताकि शीघ्र कार्रवाई कर धनराशि की रिकवरी संभव हो सके।