कृष्ण, देवल ब्यूरो, अंबेडकर नगर ।संत निरंकारी मिशन के तत्वावधान में “प्रोजेक्ट अमृत” के अंतर्गत चाड़ीपुर घाट स्थित सरयू नदी तट पर भव्य स्वच्छता अभियान चलाकर सद्गुरु के अवतरण दिवस को सेवा एवं समर्पण भाव से मनाया गया। इस अवसर पर निरंकारी सेवा दल के भाई-बहनों ने “स्वच्छ जल – स्वच्छ मन” की सामूहिक शपथ लेते हुए बाहरी ही नहीं, बल्कि आंतरिक स्वच्छता का भी संकल्प दोहराया।
जनपद के जहांगीरगंज विकास खण्ड अंतर्गत संत निरंकारी मिशन शाखा सुजावलपुर के मुखी संजय कुमार ने बताया कि विश्वभर में फैले संत निरंकारी मिशन के अनुयायी अपने पूर्व सद्गुरु बाबा हरदेव सिंह जी महाराज के अवतरण दिवस को सेवा दिवस के रूप में मनाते हैं। उनके उपदेशों का मूल संदेश रहा है कि “प्रदूषण चाहे भीतर का हो या बाहर का — दोनों ही मानव जीवन के लिए हानिकारक हैं।” इसी भावना को आत्मसात करते हुए निरंकारियों ने जल स्रोतों की स्वच्छता के साथ-साथ मन, विचार और व्यवहार को भी निर्मल बनाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि संत निरंकारी मिशन ब्रह्मज्ञान के माध्यम से मानव को ईश्वर से जोड़ने के साथ-साथ विश्व बंधुत्व, प्रेम, करुणा और सहअस्तित्व का संदेश देता है। मिशन का मानना है कि जब तक मनुष्य के भीतर का अहंकार, द्वेष और अज्ञान समाप्त नहीं होगा, तब तक बाहरी स्वच्छता भी अधूरी रहेगी। इसलिए आध्यात्मिक जागरूकता और सामाजिक जिम्मेदारी दोनों का संतुलन आवश्यक है।
स्वच्छता अभियान का संचालन सेवादल संचालक अच्छेलाल, शिक्षक सुमित कुमार, संचालिका मनीषा जी एवं शिक्षिका निर्मला दीदी के नेतृत्व में किया गया। कार्यक्रम में करुणा, नंदिनी, पिंकी, कुसुम लता, सुनीता, बदामी, शांति, अवधराजी, साधना, सोनम, गीता, पुनीता, वंदना, कुसुम, सावित्री, प्रतिभा, पारुल, नंदिनी, प्रतिष्ठा, प्रिया, अग्निता सहित बड़ी संख्या में सेवादल के सदस्य उपस्थित रहे।
पुरुष वर्ग में डॉ. एस.पी. चक्रवर्ती, रिंकू, विवेक, मिंतराज, राजू भईया, अमन, आयुष्मान, श्रीचंद, आदित्य एवं अनिल सहित सैकड़ों निरंकारी श्रद्धालुओं की सक्रिय भागीदारी रही। कार्यक्रम की अध्यक्षता देवरिया से पधारे डॉ. वी.के. यादव ने की।
अंत में सामूहिक प्रार्थना के साथ यह संदेश दिया गया कि “स्वच्छता केवल अभियान नहीं, बल्कि जीवन शैली बने।” इस प्रकार सेवा, समर्पण और अध्यात्म के संगम के साथ सद्गुरु का अवतरण दिवस मनाया गया।