देवल संवाददाता, बलिया। सपा छात्र सभा के जिलाध्यक्ष प्रवीण कुमार सिंह ने बुधवार को बलिया कलक्ट्रेट में सिटी मजिस्ट्रेट को एक पत्रक सौंपा। पत्रक में उन्होंने पुलिस उत्पीड़न और राजनीतिक दबाव में की गई कार्रवाइयों की निष्पक्ष जांच की मांग की है। यह पत्रक जिलाधिकारी को संबोधित था।
छात्र नेता प्रवीण कुमार सिंह ने आरोप लगाया कि पिछले लगभग पांच वर्षों से उनके खिलाफ स्थानीय पुलिस द्वारा बिना किसी पूर्व सूचना या पक्ष रखने का अवसर दिए विभिन्न मुकदमे दर्ज किए गए हैं। उन्होंने कहा कि इन मुकदमों की जांच के दौरान उन्हें न तो कोई नोटिस दिया गया और न ही उनसे संपर्क किया गया, जिससे उन्हें अपने बचाव का संवैधानिक अधिकार नहीं मिल सका।
प्रवीण सिंह ने यह भी बताया कि उनके खिलाफ राजनीतिक दबाव और पूर्वाग्रह के तहत गुंडा अधिनियम की कार्रवाई भी शुरू की गई है। उनके अनुसार, उनका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है और न ही उन्होंने ऐसा कोई कृत्य किया है जिससे जनशांति भंग होने का आरोप न्यायसंगत रूप से सिद्ध हो सके।
उन्होंने कहा कि इस प्रकार की कार्रवाइयों से उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा, आजीविका और पारिवारिक जीवन पर गंभीर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। प्रवीण सिंह ने इसे संविधान द्वारा प्रदत्त न्याय के अधिकार, निष्पक्ष जांच और प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का उल्लंघन बताया, जिससे प्रशासन की निष्पक्षता पर भी सवाल उठते हैं।
छात्र नेता ने मांग की है कि उनके खिलाफ दर्ज सभी मुकदमों और गुंडा एक्ट की कार्रवाई की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराई जाए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि कार्रवाई में मनमानी, पक्षपात या प्रक्रिया का उल्लंघन पाया जाता है, तो संबंधित अधिकारियों/कर्मचारियों के खिलाफ उचित विभागीय कार्रवाई की जाए। प्रवीण सिंह ने अनावश्यक उत्पीड़न से तत्काल संरक्षण और अपने वैधानिक अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करने की भी अपील की।