ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने भारत यात्रा के दौरान मिले सांस्कृतिक सम्मान और आत्मीय आतिथ्य की खुलकर सराहना की। इंडिया-ब्राजील इकोनामिक फोरम में उन्होंने कहा कि राजकीय भोज और दोपहर के भोजन के दौरान भारतीय संगीतकारों द्वारा ब्राजीलियाई गीतों की प्रस्तुति से वह अचंभित और भावुक हो गए।
राष्ट्रपति लूला ने याद किया कि पिछले वर्ष जब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ब्राजील गए थे, तब उन्होंने साओ पाउलो से गायक बुलाकर प्रधानमंत्री के पसंदीदा गीत की प्रस्तुति पैलेसियो डा अल्वोराडा में कराई थी।
उन्होंने कहा कि भारत की ओर से किया गया यह सांस्कृतिक प्रत्युत्तर दोनों देशों के रिश्तों की आत्मीयता को दर्शाता है। भारतीय कलाकारों ने प्रसिद्ध ब्राजीलियाई लोकगीत आसा ब्रांका की धुन भी बजाई, जिसने दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक सेतु का प्रतीकात्मक संदेश दिया।
दोनों देशों के बीच व्यापार बढ़ाने का लक्ष्य
दोनों देशों के बीच व्यापार 2.4 अरब डॉलर से बढ़कर 10.5 अरब डॉलर तक पहुंच चुका है। जहां 2030 तक 20 अरब डॉलर व्यापार का लक्ष्य रखा गया था, वहीं लूला ने इसे बढ़ाकर 30 अरब डॉलर तक ले जाने की महत्वाकांक्षा जताई।
यात्रा के दौरान भारत के केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन और ब्राजील की स्वास्थ्य नियामक एजेंसी एएनवीआइएसए के बीच औषधि व चिकित्सा उत्पादों के नियमन में सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन का आदान-प्रदान हुआ। इसका उद्देश्य दवाओं और चिकित्सा उपकरणों के नियामक मानकों में तालमेल बढ़ाना है।
राष्ट्रपति लूला की पांचवीं भारत यात्रा
राष्ट्रपति लूला 18 फरवरी को भारत पहुंचे थे और 19-20 फरवरी को आयोजित इंडिया एआइ इंपैक्ट समिट में भी शामिल हुए। यह उनकी भारत की पांचवीं यात्रा है। इससे सात महीने पहले प्रधानमंत्री मोदी ने जुलाई 2025 में ब्रासीलिया की राजकीय यात्रा की थी, जिसने दोनों देशों के बीच रणनीतिक और आर्थिक सहयोग को नई गति दी थी।