महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने हाल ही में जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में चल रहे विरोध प्रदर्शनों पर तीखी प्रतिक्रिया दी है।
उन्होंने कहा कि ऐसे तत्वों के इरादों को पूरी तरह कुचल दिया जाएगा, जो समाज में अशांति फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। यह बयान जेएनयू में उमर खालिद और शरजील इमाम को जमानत न मिलने के विरोध में हुए प्रदर्शनों के बाद आया है।
फडणवीस का यह बयान राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बन गया है, जहां एक ओर लोकतंत्र की रक्षा की बात हो रही है, वहीं दूसरी ओर अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर सवाल उठ रहे हैं।
दिल्ली दंगों पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला
फरवरी 2020 में उत्तर पूर्वी दिल्ली में नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) और राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों के दौरान ये दंगे हुए, जिसमें 53 लोगों की जान गई और 700 से अधिक घायल हुए थे।
इन दंगों की साजिश के आरोप में गिरफ्तार कार्यकर्ता उमर खालिद और शरजील इमाम को सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को जमानत देने से इनकार कर दिया। कोर्ट के फैसले के बाद जेएनयू कैंपस में नया विवाद खड़ा हो गया।
छात्रों ने इस फैसले के खिलाफ प्रदर्शन किया, जिसमें कथित रूप से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ आपत्तिजनक नारे लगाए गए।
समाज में अशांति फैलाने वालों के इरादे कुचलने की चेतावनी
मंगलवार को एक सवाल के जवाब में देवेंद्र फडणवीस ने साफ शब्दों में कहा, 'हम जेएनयू में पैदा शरजील इमाम की इन औलादों के इरादों को कुचल देंगे। हम ऐसे इरादों को कुचल देंगे।'