देवल, ब्यूरो चीफ,शक्तिनगर, सोनभद्र। स्थानीय परिक्षेत्र में रिहंद जलाशय के किनारे राख डंप किए जाने से प्रदूषण का खतरा बढ़ गया है। वहीं, राख से उड़ रही धूप से आसपास के लोगों का जीना दुश्वार हो गया है। ग्रामीणों ने रिहंद जलाशय के किनारे राख डंप किए जाने पर नाराजगी जाहिर की है। उन्होंने राख डंप किए जाने पर रोक लगाए जाने की मांग की है।
शक्तिनगर परिक्षेत्र में तेलगवां कोटा मुख्य मार्ग के किनारे राख परिवहन से जुड़े ट्रक ट्रेलरों द्वारा रास्ते में राख डंप से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्र
निवासी आशीष चौबे, रवि, राकेश रोशन, विंध्यवासिनी सिंह, छठी लाल, चंद्रदेव गुप्ता, मुकेश, संजय, हीरालाल आदि लोगों ने आरोप लगाते हुए कहा कि एनटीपीसी विंध्यनगर से राख लेकर जा रहे ट्रक ट्रेलरों द्वारा तेलगवां कोटा मुख्य मार्ग रिहंद जलाशय के निकट राख धड़ल्ले से डंप किया जा रहा है। इससे रिहंद जलाशय प्रदूषित होने के साथ फ्लाई ऐश के दुष्प्रभाव में वायु प्रदूषण (कैंसर, हृदय रोग), मिट्टी और जल प्रदूषण तथा निर्माण में उपयोग होने पर कंक्रीट की शक्ति में देरी और लंबे समय तक नमी बनाए रखने जैसी समस्याएं हो रही हैं। इसमें आर्सेनिक, पारा और लेड जैसी जहरीली धातुएं होती हैं, जो स्वास्थ्य और पर्यावरण को भी नुकसान पंहुचा रहा है। स्वास्थ्य संबंधी दुष्प्रभाव हृदय रोग, स्ट्रोक और कैंसर जैसी गंभीर बीमारी की लोग चपेट में आ रहे हैं। इतना ही नहीं एनटीपीसी सिंगरौली के प्रशासनिक कार्यालय भी प्रदूषित हो रहे हैं। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाते हुए कहा राख लोडिंग से लेकर राख पहुंचने के मंजिल तक स्पष्ट नीति बननी चाहिए, जिससे मनबढ़ ट्रक ट्रेलर चालक रास्ते में राख डंप न कर सके और पर्यावरण प्रदूषण न हो। लोगों ने संबंधित विभाग का ध्यान आकृष्ट कराते हुए कार्रवाई की मांग की है।
