भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर सितंबरमें अमेरिका गए थे, तब उन्हें करीब 670 किलोमीटर का सफर सड़क के रास्ते करना पड़ा। भारत के विदेश मंत्री को ऐसा क्यों करना पड़ा, अब इस मामले में चार महीने बाद रिपोर्ट सामने आई है।
जयशंकर ने अमेरिका में क्यों किया बाईरोड सफर?
अमेरिकी विदेश विभाग द्वारा इस सप्ताह जारी एक रिपोर्ट में बताया गया है कि सितंबर 2025 में वाणिज्यिक उड़ानों के ठप होने के बाद और सरकारी कामकाज के बंद होने के दौरान अमेरिकी सुरक्षा अधिकारियों ने विदेश मंत्री एस जयशंकर को 416 मील की दूरी तक गाड़ी से पहुंचाया था।
भारत के विदेश मंत्री की अमेरिका में संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के साथ मीटिंग थी। लेकिन वाणिज्यिक उड़ानों के ठप होने की वजह से उन्हें बाईरोड सफर करके जाना पड़ा।
एस जयशंकर की इस यात्रा के बारे में जानकारी अमेरिकी राजनयिक सुरक्षा सेवा द्वारा 30 दिसंबर को लिखी गई थी और 8 जनवरी को इसे सार्वजनिक किया गया।
अमेरिका में ठप हो गई थी हवाई यात्रा
अमेरिका में लॉकडाउन के कारण पूरे देश में हवाई यात्रा ठप हो गई थी। उस दौरान फ्लाइट के उपलब्ध ने होने की स्थिति में सुरक्षा अधिकारियों ने सड़क का रास्ता चुना।
एजेंटों ने अमेरिकी-कनाडा सीमा पर स्थित लेविस्टन-क्वीनस्टन ब्रिज पर एस जयशंकर का स्वागत किया और मैनहट्टन के लिए सात घंटे की ड्राइव शुरू की।
अमेरिका ने जारी की रिपोर्ट
अमेरिकी अधिकारियों ने इस रिपोर्ट में बताया कि इस ऑपरेशन से यह सुनिश्चित हुआ कि शटडाउन के बावजूद भारत के विदेश मंत्री की संयुक्त राष्ट्र बैठक तय समय पर कराई गई।
राजनयिक सुरक्षा सेवा अमेरिकी विदेश विभाग का हिस्सा है। यह अमेरिकी राजनयिकों और विदेशी अधिकारियों की सुरक्षा के लिए जिम्मेदार है।