अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने बुधवार को बड़ा दावा किया है कि अमेरिका में ईरानी स्लीपर सेल्स मौजूद हैं और सरकार इन पर पूरी नजर रखे हुए है। ईरान के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई की मौत के बाद अमेरिका और इजरायल की संयुक्त सैन्य कार्रवाई दूसरे हफ्ते में प्रवेश कर चुकी है।
इस ऑपरेशन ने ईरान को बुरी तरह हिलाकर रख दिया है। अब ईरान अमेरिकी संपत्तियों और सहयोगियों पर जवाबी हमले कर रहा है। ट्रंप ने फॉक्स न्यूज के एक संवाददाता से बातचीत में कहा कि बाइडेन के 'मूर्खतापूर्ण खुले बॉर्डर' नीति के कारण कई लोग अमेरिका में घुस आए, लेकिन अब हम इन्हें जानते हैं और इन पर नजर रख रहे हैं। ट्रंप ने कहा, "मुझे ब्रिफिंग मिली है। बहुत से लोग बाइडेन के ओपन बॉर्डर से आए हैं, लेकिन हम ज्यादातर को जानते हैं। हमारी नजर उन सब पर है, मुझे लगता है।"
उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन को अमेरिका के इतिहास के सबसे खराब राष्ट्रपतियों में से एक बताया और कहा कि उनकी नीतियों ने खतरे को बढ़ावा दिया। ट्रंप ने ईरान के खिलाफ चल रही सैन्य कार्रवाई को 'किसी ने पहले कभी नहीं देखा' स्तर की बताया है।
ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजरायल का बड़ा अभियान
28 फरवरी 2026 को शुरू हुई इस संयुक्त कार्रवाई में अमेरिका और इजरायल ने ईरान के प्रमुख सैन्य ठिकानों, मिसाइल सुविधाओं और नेतृत्व पर हमले किए। पहले ही दिन तेहरान में हुए हमलों में सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मारे गए।
ईरान ने 40 दिनों का राष्ट्रीय शोक घोषित किया, लेकिन अब उसके बेटे मोक्तबा खामेनेई को नया सुप्रीम लीडर बनाया गया है। यह युद्ध अब दूसरे हफ्ते में है, जहां दोनों तरफ से हमले जारी हैं। अमेरिका-इजरायल की तरफ से ईरान के परमाणु और बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रमों को निशाना बनाया जा रहा है, जबकि ईरान ने खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी और इजरायली हितों पर जवाबी कार्रवाई की है।
ट्रंप ने इस अभियान को अभूतपूर्व बताया और कहा कि यह ईरान के लिए बहुत भारी पड़ रहा है।
अमेरिका में स्लीपर सेल्स का खतरा
एबीसी न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी अधिकारियों ने ईरान से माने जाने वाले एन्क्रिप्टेड संचार को इंटरसेप्ट किया है। ये संदेश संभवतः छिपे हुए रिसीवर्स के लिए थे। एक फेडरल अलर्ट में कहा गया कि संदेशों की सटीक सामग्री अभी पता नहीं चल सकी है, लेकिन इनमें अंतरराष्ट्रीय रीब्रॉडकास्ट जैसी विशेषताएं हैं। अलर्ट में लॉ एनफोर्समेंट को संदिग्ध रेडियो-फ्रीक्वेंसी एक्टिविटी की निगरानी बढ़ाने को कहा गया है।
अधिकारियों का मानना है कि ये संदेश "स्लीपर एसेट्स" को सक्रिय करने या निर्देश देने के लिए हो सकते हैं। खामेनेई की मौत के बाद अमेरिका में कई संदिग्ध घटनाएं हुई हैं, जैसे टेक्सस के ऑस्टिन में एक सेनेगली व्यक्ति ने बार में गोलीबारी की, जिसमें तीन लोग मारे गए। न्यूयॉर्क में ग्रेसी मेंशन के बाहर विरोध प्रदर्शन के दौरान दो लोगों पर आईएसआईएस को समर्थन देने की कोशिश का आरोप लगा।