देवल संवादाता,वाराणसी। प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि जगद्गुरू शंकराचार्य भगवान हैं। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ढोंगी हैं। यूपी में किसी की औकात नहीं है कि वह गो - हत्या कर सके। शंकराचार्य जहां भी जाएंगे, हम रामभक्त होने के नाते उनका स्वागत करेंगे। हिंदू धर्म में शंकराचार्य का स्थान सर्वोच्च है।
उप मुख्यमंत्री सोमवार को सर्किट हाउस में पत्रकारों से बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में कानून का राज है। किसी अपराधी या गो-तस्कर की इतनी हिम्मत नहीं है कि वह गो-माता की ओर आंख उठाकर देख सके। गाय में 33 करोड़ देवी-देवताओं का वास होता है। वह समस्त सृष्टि का पालन करती है इसलिए उन्हें किसी सरकारी दर्जे की आवश्यकता नहीं है, वे स्वतः पूज्यनीय हैं।
सपा के शासनकाल में गो-तस्करों को संरक्षण मिला। अखिलेश यादव का शंकराचार्य को समर्थन देना केवल एक राजनीतिक पैंतरा है ताकि वे हिंदू मतदाताओं को भ्रमित कर सकें। जब भी सपा या कांग्रेस हिंदुत्व की बात करते हैं, तो वह केवल वोट बैंक की खातिर किया गया एक राजनीतिक ढोंग होता है। सपा- कांग्रेस के नेताओं पर हिंदू विश्वास नहीं करते हैं।
प्रदेश प्रवक्ता की दिवंगत मां को दी श्रद्धांजलि : भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अशोक पांडेय की माता स्वर्गीय श्यामा देवी का विगत दिनों निधन हो गया था। सोमवार शाम उपमुख्यमंत्री केशव मौर्य उनके भदैनी स्थित आवास पर पहुंचे और स्वर्गीय श्यामा देवी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर अपनी शोक संवेदना व्यक्त की।
उप मुख्यमंत्री ने गतात्मा की शांति व शोक संतप्त परिवार को धैर्य प्रदान करने की ईश्वर से कामना की। इस मौके पर जिलाध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा, मेयर अशोक कुमार तिवारी, अशोक चौरसिया, शैलेंद्र मिश्रा, नागेंद्र गांधी, अवनीश पांडेय आदि मौजूद रहे।
सखियां सम्मानित, समूहों को मिली 10 करोड़ की साैगात
संस्कृत विश्वविद्यालय में लगे 11 दिवसीय सरस मेले का सोमवार को डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने समापन किया। उन्होंने वाराणसी की दो बीमा सखियों मीना देवी व प्रतिभा देवी और दो लखपति महिला शर्मीला देवी व लक्ष्मी वर्मा को सम्मानित किया।
उन्होंने जिले के 703 समूहों को सामुदायिक निवेश निधि और 20 समूहों को रिवाॅल्विंग फंड मद में कुल 10.60 करोड़ रुपये का प्रतीकात्मक रूप से चेक उपलब्ध कराया। दो समूह की महिलाओं को ई-रिक्शा उपलब्ध कराते हुए उन्हें प्रमाणपत्र दिया। मेले के समापन कार्यक्रम में सबसे अधिक बिक्री करने के लिए लखीमपुर खीरी के समूह को प्रथम और मिर्जापुर के समूह को द्वितीय पुरस्कार दिया। मेले में 112 स्टाॅल लगाए गए थे और 11 दिनों में इस मेले से एक करोड़ का कारोबार हुआ।